Breaking News
माधुरी दीक्षित के साथ जब इस अभिनेता ने कर दी थी गलत हरकत, फुट-फुटकर रोई थी माधुरी हेमा मालिनी और धर्मेंद्र पर टूटा दुखो का पहाड़, बेटी को लेकर आयी बेहद बुरी खबर, पूरा परिवार सदमे में मात्र 417 रुपये का निवेश बना सकता है करोड़पति, हो जायेंगे मालामाल, ऐसे समझे इन्वेस्टमेंट गणित Ration Card New Rule : मुफ्त राशन पर बदल गया नियम, गेहूं और चावल के लिए जरूरी करें यह काम Gold-Silver Price Today : सुबह – सुबह धड़ाम हुए सोने के दाम, खरीददारी करने टूटे लोग, गिरकर 47 हजार के नीचे पहुंच रेट
Friday, 01 March 2024

States

अजीबो-गरीब मामला: नागिन ने लिया नाग के कत्ल का बदला

29 July 2022 12:55 AM Mega Daily News
नागिन,लिया,परिजनों,मारने,राजपूत,प्रदीप,लेकिन,साइंस,अस्पताल,सीएमएस,बातों,इलाके,ग्रामीण,मान्यताएं,लोगों,,strange,case,serpent,took,revenge,murder,snake

बुंदेलखंड के महोबा जिले में अजीबो-गरीब मामला सामने आया है. यहां एक युवक को सांप ने डस लिया. इससे युवक की मौके पर ही मौत हो गई. युवक के परिजनों का मानना है कि सांप को मारने से नागिन ने बदला लिया है. बताया जाता है कि कुलपहाड़ कोतवाली क्षेत्र के कमालपुरा गांव में रहने वाले रमेश राजपूत के घर में सावन मास में नाग नागिन का जोड़ा आया हुआ था. 

नाग-नागिन को देख रमेश राजपूत की पत्नी ने पड़ोसी के घर आकर उससे मदद की गुहार लगाई थी, जिसको लेकर प्रदीप कुमार ने रमेश राजपूत के घर जाकर नाग को डंडे से मार दिया. इसके कुछ दिन बाद ही नागिन ने प्रदीप को डस लिया. अब प्रदीप के परिजनों का कहना है कि नाग को मारने की वजह से उसे नागिन ने डस लिया. परिजनों ने नागिन की काफी तलाश की लेकिन वह नहीं मिली. 

वहीं जिला अस्पताल के सीएमएस का कहना है कि साइंस इन बातों को नहीं मानता है. वजह चाहे जो भी लेकिन सांप के डसने से हुई मौत के बाद इलाके में काल्पनिक बातों का बाजार गर्म है. ग्रामीण इलाकों में अब भी किवदंतियों और मान्यताएं विज्ञान पर भारी हैं.  जिला अस्पताल के सीएमएस कहते है कि यह कहना गलत है. साइंस में ऐसा कुछ भी नहीं है. यह सब कहानियां है. साइंस कहता है सांप की आईसाइड तो होती है लेकिन उनकी आंख बहुत कमजोर होती है, जो अच्छे से नहीं देख पाती. इसलिए यह सही नहीं की सांप के मारने से नागिन ने बदला लिया. ग्रामीण इलाके में ऐसी मान्यताएं नई बात नहीं है, फिलहाल इस हादसे में जान गंवाने वाले मृतक के परिवार वालों को रो-रो कर बुरा हाल है. ऐसे मामलों में एक ओर जहां लोगों के बीच जागरुकता फैलाए जानने की जरुरत है वहीं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रो (सीएचसी) में सर्पदंश जैसी दुर्घटनाओं के शिकार लोगों के उपचार की व्यवस्था भी मुहैया करानी होगी.

whatsapp share facebook share twitter share telegram share linkedin share
Related News
Latest News