Breaking News
माधुरी दीक्षित के साथ जब इस अभिनेता ने कर दी थी गलत हरकत, फुट-फुटकर रोई थी माधुरी हेमा मालिनी और धर्मेंद्र पर टूटा दुखो का पहाड़, बेटी को लेकर आयी बेहद बुरी खबर, पूरा परिवार सदमे में मात्र 417 रुपये का निवेश बना सकता है करोड़पति, हो जायेंगे मालामाल, ऐसे समझे इन्वेस्टमेंट गणित Ration Card New Rule : मुफ्त राशन पर बदल गया नियम, गेहूं और चावल के लिए जरूरी करें यह काम Gold-Silver Price Today : सुबह – सुबह धड़ाम हुए सोने के दाम, खरीददारी करने टूटे लोग, गिरकर 47 हजार के नीचे पहुंच रेट
Saturday, 24 February 2024

Political News

सभी विपक्षी नेताओं को नितीश ने बताया 2024 में बीजेपी को हराने का मूलमंत्र

25 September 2022 09:00 PM Mega Daily News
बिहार,नीतीश,एनडीए,समारोह,एनसीपी,तेजस्वी,अकाली,निशाना,साधते,कुमार,चुनाव,कांग्रेस,भाजपा,उन्होंने,सरकार,nitish,told,opposition,leaders,key,defeat,bjp,2024

हरियाणा के फतेहाबाद में रविवार को विपक्ष के बड़े-बड़े नाम एक ही मंच पर नजर आए. मौका था पूर्व उप-प्रधानमंत्री देवीलाल की 109 वीं जयंती समारोह का. एनसीपी प्रमुख शरद पवार, जेडी (यू) नेता और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, आरजेडी नेता और बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव, शिरोमणि अकाली दल के एसएस बादल और माकपा के सीताराम येचुरी समारोह में शामिल हुए. ये सभी आईएनएलडी के अध्यक्ष ओपी चौटाला के निमंत्रण पर यहां पहुंचे थे.

इस मौके पर बीजेपी पर निशाना साधते हुए बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने कहा, ‘बिहार में आज 7 पार्टियां एक साथ काम कर रही हैं. उनके पास (बीजेपी) 2024 का चुनाव जीतने का कोई मौका नहीं है.’

‘तीसरे मोर्च का सवाल नहीं’

नीतीश कुमार ने कहा, ‘मैं पीएम उम्मीदवार नहीं हूं; तीसरे मोर्चे का सवाल नहीं, कांग्रेस समेत एक मोर्चा हो, तो हम 2024 में भाजपा को हरा सकते हैं.’ उन्होंने कहा, ‘मैं कांग्रेस सहित सभी दलों से एक साथ आने की अपील करूंगा और तभी वे (भाजपा) 2024 के लोकसभा चुनाव में बुरी तरह हारेंगे.’

‘अब कोई एनडीए नहीं है’

बिहार के डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने इस मौके पर एनडीए पर निशाना साधते हुए कहा, ‘अब कोई एनडीए नहीं है; शिवसेना, अकाली दल, जेडी (यू) जैसे भाजपा सहयोगियों ने लोकतंत्र को बचाने के लिए इसे छोड़ दिया है.’

‘सभी के लिए काम करने का समय आ गया’

एनसीपी चीफ शरद पवार ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा, ‘2024 में सरकार परिवर्तन सुनिश्चित करने की दिशा में सभी के लिए काम करने का समय आ गया है.’ उन्होंने किसान आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा,  ‘किसानों ने दिल्ली की सीमाओं पर विरोध प्रदर्शन किया, लेकिन सरकार ने बहुत लंबे समय तक उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया.सरकार ने किसान नेताओं के खिलाफ दर्ज मुकदमे वापस लेने का वादा किया, लेकिन पूरा नहीं किया.’

whatsapp share facebook share twitter share telegram share linkedin share
Related News
Latest News